कई वर्षों से जीएलआर में नहीं पहुंचा पानी, जनता को पेजयल का संकट


बालोतरा। उपखण्ड क्षेत्र के ग्रामीण पेयजल समस्या से त्रस्त हैं। पेयजल अव्यवस्था और अवैध कनेक्शन के कारण गांवों के जीएलआर खाली रहते हैं। हाल ही जिला प्रशासन द्वारा विभिन्न अधिकारियों द्वारा करवाए गए निरीक्षण के दौरान अधिकांश गांवों के जीएलआर खाली मिले। जिम्मेदार विभाग को जानकारी होने के बाद भी कोई सख्त कार्रवाई नहीं की जाती है। एेसे में जनता सालभर पेयजल के लिए तरसती रहती है।

कस्बे के किटनोद गांव बामणी में एक जीएलआर एवं बामणी के पश्चिमी हिस्से में मूलाराम जी भील व कालूराम जी की ढाणी के पास बनी दो जीएलआर टंकी का निर्माण कई वर्षों पूर्व किया गया था। लेकिन जीएलआर बनने के बाद अभी तक पानी की आपूर्ति नहीं की गई हैं। जिससे स्थानीय निवासी विरमदेव देवासी ने बताया कि सर्दी, गर्मी के शुरुआती दिनों में ही पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा हैं। किटनोद गांव के मरूस्थलीय हिस्सों में सरकार की मूलभूत सुविधाओं की कमी महसूस की जा रही है। 8-9 वर्ष पहले निर्माण किए गए इन जल संसाधनों में अभी तक पेयजल की आपूर्ति नहीं की गई है। देवासी ने बताया कि ठेकेदारों व जनप्रतिनिधियों ने अपना काम कर दिया लेकिन दिखावे के लिए बनाये गये इन जलस्रोतों में पानी आज तक नहीं पहुंचा। जलदाय विभाग के अधिकारियों से निवेदन है कि करीब 800-900 घरों की आबादी वाले इस क्षेत्र में पेजयल की समस्याओं से निजात दिलाए।

बालोतरा क्षेत्र के ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल समस्या है। इसका कारण जलदाय विभाग की वितरण व्यवस्था में खामी के साथ ही अवैध कनेक्शन भी हैं। गांवों में बने जीएलआर से ग्रामीणों को पानी नहीं मिलता है। विभाग व्यवस्था नहीं सुधारता है और अवैध कनेक्शनों की जानकारी होने पर भी मौन रहता है। ग्रामीण पेयजल की मांग को लेकर जलदाय विभाग व प्रशासनिक अधिकारियों के चक्कर लगाते रहते हैं और समस्या जस की तस बनी रहती है।

पशुओं के लिए अवाड़े में पानी डाल रहे हैं। इस गर्मी के दौर में आवारा पशु भी इधर-उधर भटकते हैं, यदि पानी चालू किया जाए तो आवारा पशुओं के लिए भी परेशानी नहीं होगी। इस संबंध में जलदाय विभाग सहित जिम्मेदार अधिकारियों को कई बार अवगत करवाया लेकिन नहीं हुआ समस्या का समाधान। ग्रामीण एवं बामणी की समस्त स्थानीय लोगों सहित ने जीएल आर में पानी की आपूर्ति सुचारू करवाने की मांग की हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed